झारखंड : 128 शिक्षकों का शिक्षक दिवस पर होगा सम्मान, राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान से सम्मानित शिक्षकों को भी मिलेगी राशि
Jharkhand: 128 teachers will be honored on Teachers' Day, teachers honored with National Teacher Award will also get money

रांची। शिक्षक दिवस पर 5 सितंबर को झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद सभागार में आयोजित राज्यस्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह में 128 शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा। इनमें से दो राष्ट्रीय शिक्षक सम्मानित शिक्षक भी शामिल हैं। झारखंड के स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग की ओर से इस बार शिक्षक दिवस को विशेष बनाने की तैयारी पूरी कर ली गयी है।
5 सितंबर को राज्यस्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन शिक्षा परियोजना परिषद सभागार में किया जाएगा। इस मौके पर शिक्षा के प्रति समर्पित और उत्कृष्ट योगदान देने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा।
128 शिक्षक होंगे सम्मानित
कुल 128 शिक्षकों का चयन इस सम्मान समारोह के लिए किया गया है। ये वे शिक्षक हैं जिन्होंने शिक्षा विभाग द्वारा शिक्षकों के सतत पेशेवर विकास के लिए चलाए जा रहे 50 घंटे के अनिवार्य समेकित-सतत व्यावसायिक विकास कार्यक्रम (CCPD) में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
इन शिक्षकों ने मॉड्यूल लेखन, मॉड्यूल का डिजिटल स्वरूप तैयार करने, आवासीय और गैर-आवासीय प्रशिक्षण देने जैसे कार्यों को सफलतापूर्वक संपन्न किया है। शिक्षा विभाग का मानना है कि इन शिक्षकों ने न केवल अपनी जिम्मेदारियों को पूरी ईमानदारी से निभाया, बल्कि राज्य में शिक्षा की गुणवत्ता को भी नई दिशा दी है।सम्मान समारोह में इन शिक्षकों को शॉल, स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र भेंट किया जाएगा।
राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान के लिए दो नाम चयनित
समारोह का सबसे खास आकर्षण वे दो शिक्षक होंगे जिन्हें राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान के लिए अनुशंसित किया गया है।
• रामगढ़ जिले के मनुवा स्थित पीएम उच्च विद्यालय के सहायक शिक्षक सुरेंद्र प्रसाद गुप्ता
• चतरा जिले के उत्क्रमित +2 उच्च विद्यालय, दवारी के सहायक शिक्षक मनोज कुमार चौबे
इन दोनों शिक्षकों को उनके उत्कृष्ट कार्य और शिक्षा क्षेत्र में नवाचारों के लिए राज्य स्तर पर विशेष सम्मान दिया जाएगा। उन्हें 25,000 रुपये की सम्मान राशि, शॉल, स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा।
शिक्षक दिवस का महत्व
5 सितंबर को देशभर में शिक्षक दिवस मनाया जाता है। यह दिन पूर्व राष्ट्रपति और महान शिक्षाविद् डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती के अवसर पर मनाया जाता है। इस अवसर पर शिक्षकों को उनके योगदान और समर्पण के लिए सम्मानित किया जाता है।झारखंड सरकार का मानना है कि शिक्षकों को उचित सम्मान देकर समाज में शिक्षा के महत्व को और अधिक मजबूती मिलती है।









