…जब बेटे का शव झोले में लेकर पिता पहुंच गया सीधे डीसी ऑफिस, उपायुक्त से कहा, डाक्टर ने मेरे बच्चे को मार दिया, मेरी पत्नी को भी…. मचा हड़कंप, फिर डीसी ने…

...when the father reached the DC office directly with his son's dead body in a bag, he told the Deputy Commissioner, the doctor killed my child, my wife too... there was a commotion, then the DC...

Big News। डीसी कार्यालय में उस वक्त हंगामा मच गया, जब एक पिता झोले में अपने बच्चे का शव लेकर डीसी आफिस पहुंच गया। घटना के वक्त डीसी मुख्यमंत्री डैशबोर्ड की समीक्षा बैठक में मौजूद थी। उसी दौरान एक व्यक्ति हाथ में झोला लेकर अंदर पहुंच गया। मामला उत्तर प्रदेश के लखीमपुर का है।

 

झोले से खून से लथपथ नवजात का शव निकालते हुए उसने अधिकारियों के सामने चीख-चीखकर अपने साथ हुई घटना सुनाई। व्यक्ति ने आरोप लगाया कि निजी गोलदार अस्पताल की लापरवाही और अभद्रता के कारण उसके बच्चे की मौत हो गई। घटना के बाद जिला प्रशासन तुरंत हरकत में आया और अस्पताल को सील कर दिया गया।

 

नवजात की मौत से गुस्साए परिजन पहुंचे बैठक में

जानकारी के मुताबिक भीरा क्षेत्र निवासी विपिन गुप्ता की पत्नी रूबी गुप्ता गर्भवती थीं। गुरुवार की रात उन्हें प्रसव पीड़ा हुई। परिवारजन पहले उन्हें प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बिजुआ ले गए, जहां से डॉक्टरों ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया। वहां से स्वजन रूबी को लखीमपुर के निजी गोलदार अस्पताल ले गए। परिवार का आरोप है कि प्रसव के दौरान महिला की हालत गंभीर हो गई तो अस्पताल प्रशासन ने इलाज करने के बजाय रूबी को नर्सों के जरिए धक्का देकर अस्पताल से बाहर निकाल दिया।

गलत दवाओं से बिगड़ी हालत

परिजनों ने गंभीर हालत में रूबी को दूसरे निजी अस्पताल पहुंचाया। वहां जांच में सामने आया कि गर्भस्थ शिशु की मौत हो चुकी है। डॉक्टरों ने बताया कि गर्भवती को गलत दवाइयां दी गई थीं, जिससे स्थिति और खराब हो गई। इसके बाद ऑपरेशन कर मृत नवजात को बाहर निकाला गया।

कलेक्ट्रेट में लगाया न्याय की गुहार

अपने बच्चे का शव झोले में लेकर पिता विपिन गुप्ता शुक्रवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे और मुख्यमंत्री डैशबोर्ड की बैठक के दौरान अधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई। उन्होंने आरोप लगाया कि गोलदार अस्पताल की घोर लापरवाही और अमानवीय व्यवहार ने उनके बच्चे की जान ले ली और उनकी पत्नी की जान भी खतरे में डाल दी।

 

प्रशासन की सख्त कार्रवाई

घटना की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी दुर्गाशक्ति नागपाल ने तत्काल सीएमओ डॉ. संतोष गुप्ता और एसडीएम सदर अश्विनी कुमार को मौके पर भेजा। आदेश दिया गया कि गोलदार अस्पताल को तुरंत सील किया जाए और वहां भर्ती मरीजों को सुरक्षित जिला महिला अस्पताल शिफ्ट किया जाए। साथ ही प्रसूता को सृजन अस्पताल में भर्ती कराया गया।

डीएम दुर्गाशक्ति नागपाल ने स्पष्ट कहा कि जिले का हर नागरिक उनके परिवार का सदस्य है और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने यह भी घोषणा की कि रूबी गुप्ता के इलाज का पूरा खर्च वह स्वयं उठाएंगी। मामले की उच्च स्तरीय जांच बैठा दी गई है।पीड़ित पति विपिन गुप्ता ने अस्पताल संचालक डॉक्टर मनीष गुप्ता और हुकुमा गुप्ता पर भ्रूण हत्या और लापरवाही का आरोप लगाया है।

ashrita

It is one of the rapidly emerging news websites of the country. HPBL has proved its name (Har Pal Breaking Live) meaningful every time. HPBL, which has become a trusted brand of Bihar-Jharkhand, check every news of HPBL for its reliability before delivering it to you. The reporters and desk staff of hpblnews.com news website work on a 24X7 mission mode for you, the readers.

Related Articles