बाबूलाल मरांडी पर FIR को लेकर हाईकोर्ट में हुई सुनवाई, 5 अलग-अलग थानों में दर्ज हुई थी प्राथमिकी, जानिये कोर्ट ने क्या दिया निर्देश
The High Court heard the FIR against Babulal Marandi, which was filed in five different police stations. Find out what the court directed.

रांची। बाबूलाल मरांडी को हाईकोर्ट से आज एक राहत भरी खबर मिली है। भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष व नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी की प्राथमिकी को रद्द करने का आदेश हाईकोर्ट ने दिया है। बाबूलाल मरांडी की तरफ से मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ दिए गए कथित विवादित बयान के मामले में हाईकोर्ट ने दर्ज प्राथमिकी को निरस्त कर दिया है।
आपको बता दें कि हेमंत सोरेन के खिलाफ बयान देने के बाद कई जिलों में कार्यकर्ता आक्रोशित हुए थे। नेता प्रतिपक्ष के खिलाफ अलग-अलग पांच थानों में मामला दर्ज किया गया था। ये सभी प्रकरण आक्रोशित झामुमो नेता-कार्यकर्ता की तरफ से दर्ज कराये गये थे।
जिसके बाद बाबूलाल मरांडी ने इन सभी FIR को रद्द करने की मांग को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी।
न्यायाधीश जस्टिस एके चौधरी की अदालत में आज इस मामले की सुनवाई हुई। अदालत ने सभी पक्षों को सुनने के बाद प्राथमिकी को निरस्त करने का आदेश दिया। आपको बता दे कि एक यूट्यूब चैनल में इंटरव्यू के दौरान बाबूलाल मरांडी ने मुख्यमंत्री के खिलाफ तीखा बयान दिया था। विभिन्न जिलों में अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज की गई थी, जिसमें बाबूलाल मरांडी को आरोपी बनाया गया था।









