दूध और चावल समेत कई चीजों की बढ़ती कीमतों का असर अब होटल का खाना हुआ महंगा! इडली-डोसा से लेकर चाय-कॉफी तक के बढ़े दाम, अब हर बार नाश्ता करने पर जेब पर पड़ेगी भारी मार

दूध, दही, चावल और दालों की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी से होटल कारोबारियों की लागत बढ़ गई है। शहर के कई होटलों ने मेन्यू में 10 से 15 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी कर दी है। कहीं चाय-कॉफी 5 रुपये महंगी हुई है तो कहीं 100 रुपये वाला डोसा अब 115 रुपये में मिल रहा है।

बेंगलुरु। अगर आप बेंगलुरु में होटल या रेस्टोरेंट में जाकर इडली, डोसा, चाय और कॉफी का स्वाद लेना पसंद करते हैं, तो अब आपको इसके लिए पहले से ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ सकते हैं। महंगाई का असर अब आम लोगों की थाली तक पहुंच गया है। दूध, दही, चावल और दाल जैसी रोजमर्रा की जरूरी चीजों की कीमतों में बढ़ोतरी के बाद बेंगलुरु के कई होटल कारोबारियों ने अपने मेन्यू के दाम बढ़ा दिए हैं। शहर के कई होटलों में खाने-पीने की चीजें 10 से 15 प्रतिशत तक महंगी हो गई हैं। ऐसे में रोजाना होटल में नाश्ता करने वाले लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ना तय है।

चावल के दाम में भारी उछाल, होटल मालिकों की बढ़ी परेशानी

बृहत् बेंगलुरु होटलियर्स एसोसिएशन (BBHA) के अध्यक्ष पीसी राव के मुताबिक, पिछले एक महीने में चावल की कीमतों में काफी बढ़ोतरी हुई है। पहले जहां चावल करीब 65 रुपये प्रति किलो मिल रहा था, वहीं अब कुछ जगहों पर इसकी कीमत बढ़कर 95 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है। सिर्फ चावल ही नहीं, दालों की कीमतों में भी इजाफा हुआ है। होटल और रेस्टोरेंट में इडली, डोसा, सांभर और दूसरी खाने की चीजें बनाने में इन सामग्रियों का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल होता है। ऐसे में कच्चे माल की कीमत बढ़ने से होटल संचालकों का खर्च लगातार बढ़ रहा है।

दूध और दही की महंगाई ने बढ़ाया कारोबारियों पर दबाव

होटल उद्योग के लिए दूध और दही भी बेहद जरूरी सामग्री हैं। चाय, कॉफी और कई अन्य खाद्य पदार्थों को तैयार करने में इनका इस्तेमाल होता है। दूध और दही की कीमतों में बढ़ोतरी ने होटल कारोबारियों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। डेक्कन हेराल्ड की रिपोर्ट के मुताबिक, बढ़ती उत्पादन लागत के कारण कई होटल पहले ही अपने मेन्यू में 10 से 15 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी कर चुके हैं। उत्तरी बेंगलुरु के होटल व्यवसायी महेश केके का कहना है कि जब खाद्य सामग्री की कीमतें लगातार बढ़ती हैं, तो कारोबार को नुकसान से बचाने के लिए मेन्यू के दाम बढ़ाना मजबूरी बन जाता है।

चाय-कॉफी के लिए भी देने होंगे ज्यादा पैसे, 3 से 5 रुपये तक बढ़े दाम

महंगाई का असर अब लोगों की रोजाना की चाय और कॉफी पर भी दिखाई देने लगा है। बेंगलुरु के कई होटलों में चाय और कॉफी की कीमतों में औसतन 3 से 5 रुपये तक की बढ़ोतरी की गई है। हालांकि, सभी होटल संचालकों ने एक साथ पूरे मेन्यू के दाम नहीं बढ़ाए हैं। कुछ होटल ऐसे भी हैं, जिन्होंने फिलहाल केवल चाय और कॉफी की कीमतों में ही इजाफा किया है। वहीं, दूसरे खाद्य पदार्थों के दाम अलग-अलग होटलों में उनकी लागत के हिसाब से बढ़ाए गए हैं।

100 रुपये वाला डोसा अब 115 रुपये तक पहुंचा

मेन्यू में हुई बढ़ोतरी का असर दक्षिण भारतीय नाश्ते की लोकप्रिय डिश इडली और डोसा पर भी पड़ा है। पहले कुछ होटलों में करीब 100 रुपये में मिलने वाला डोसा अब बढ़कर 110 से 115 रुपये तक पहुंच गया है। यानी ग्राहकों को एक प्लेट डोसा खाने के लिए पहले के मुकाबले 10 से 15 रुपये ज्यादा खर्च करने पड़ रहे हैं। इसी तरह अन्य खाद्य पदार्थों की कीमतों में भी अलग-अलग स्तर पर बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। होटल कारोबारियों का कहना है कि चावल, दाल, दूध और अन्य जरूरी सामान महंगे होने के कारण पुराने दामों पर खाना उपलब्ध कराना मुश्किल हो रहा है।

ग्राहकों में नाराजगी, बोले- दूध महंगा हुआ तो हर चीज के दाम क्यों बढ़े?

दूसरी ओर, होटल में खाना खाने वाले ग्राहक इस कीमत बढ़ोतरी से खुश नहीं हैं। उनका कहना है कि महंगाई का पूरा बोझ ग्राहकों पर डालना उचित नहीं है। कुछ ग्राहकों का तर्क है कि अगर एक लीटर दूध की कीमत में 8 रुपये की बढ़ोतरी हुई है, तो हर कप चाय या कॉफी की कीमत 5 रुपये बढ़ाना सही नहीं कहा जा सकता। ग्राहकों ने होटल मालिकों से अपील की है कि दूध और दूसरी खाद्य सामग्री की कीमतों में बढ़ोतरी को आधार बनाकर पूरे मेन्यू के दाम न बढ़ाए जाएं।

मध्य पूर्व में अशांति का भी बताया जा रहा असर

होटल कारोबारियों का कहना है कि मध्य पूर्व में अशांति शुरू होने के बाद से कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। चावल और दूध जैसी जरूरी वस्तुओं की बढ़ती कीमतों ने होटल उद्योग की लागत को प्रभावित किया है। फिलहाल बेंगलुरु के सभी होटलों में एक जैसी कीमतें लागू नहीं हुई हैं, लेकिन कई जगहों पर मेन्यू महंगा हो चुका है। आने वाले दिनों में खाद्य सामग्री की कीमतों में क्या बदलाव होता है, इस पर होटल कारोबारियों और ग्राहकों दोनों की नजर बनी हुई है।

Anita Nishad

Anita Nishad is a dedicated and insightful journalist currently serving as a key voice at HPBL News. With a deep-rooted passion for storytelling and truth-seeking, Anita has become a trusted name in digital and broadcast journalism, particularly known for her ability to bring grassroots issues to the forefront.

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