राष्ट्रपति भवन में स्विस राष्ट्रपति गाइ पार्मेलीन का गर्मजोशी से स्वागत, भारत-स्विट्जरलैंड संबंधों को मिलेगा नया आयाम

तीन दिवसीय राजकीय यात्रा पर भारत पहुंचे स्विस राष्ट्रपति, पीएम मोदी के साथ व्यापार-निवेश और तकनीक पर होगी अहम बातचीत; 7 अक्टूबर को भारत-EFTA प्रॉस्पेरिटी समिट में लेंगे हिस्सा

 

नई दिल्ली। स्विस परिसंघ के राष्ट्रपति गाइ पार्मेलीन तीन दिवसीय राजकीय यात्रा पर भारत पहुंचे हैं। सोमवार को राष्ट्रपति भवन के प्रांगण में उनका औपचारिक स्वागत किया गया। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति भवन पहुंचने पर स्विस राष्ट्रपति का गर्मजोशी से स्वागत किया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर भारत पहुंचे गाइ पार्मेलीन की यह पहली राजकीय भारत यात्रा है। हालांकि, इसी साल फरवरी में वे नई दिल्ली में आयोजित AI इम्पैक्ट समिट में हिस्सा लेने भारत आए थे। इस बार उनके साथ वरिष्ठ अधिकारियों और व्यापार जगत के नेताओं का उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल भी आया है।

व्यापार से लेकर तकनीक तक कई मुद्दों पर होगी चर्चा

स्विस राष्ट्रपति की इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य भारत और स्विट्जरलैंड के बीच द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करना है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गाइ पार्मेलीन के बीच होने वाली द्विपक्षीय वार्ता में व्यापार और निवेश के साथ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, नवाचार, गतिशीलता, संस्कृति और दोनों देशों के लोगों के बीच संपर्क जैसे मुद्दों पर चर्चा होगी।

दोनों नेता द्विपक्षीय सहयोग में हुई प्रगति की समीक्षा करने के साथ क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान करेंगे। बहुपक्षीय मंचों पर दोनों देशों के बीच सहयोग को आगे बढ़ाने की संभावनाओं पर भी बातचीत होने की उम्मीद है।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से भी मुलाकात

भारत यात्रा के दौरान स्विस राष्ट्रपति गाइ पार्मेलीन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से भी मुलाकात करेंगे। राष्ट्रपति मुर्मु उनके सम्मान में आधिकारिक भोज का आयोजन करेंगी। इसके अलावा विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर भी स्विस राष्ट्रपति से मुलाकात करेंगे।

इन उच्चस्तरीय बैठकों के दौरान भारत और स्विट्जरलैंड के बीच लंबे समय से चले आ रहे मैत्रीपूर्ण संबंधों को और मजबूत करने तथा नए क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर रहेगा।

7 अक्टूबर को भारत-EFTA प्रॉस्पेरिटी समिट

स्विस राष्ट्रपति की भारत यात्रा का एक महत्वपूर्ण पड़ाव 7 अक्टूबर को होने वाला दूसरा भारत-EFTA प्रॉस्पेरिटी समिट भी है। यह कार्यक्रम भारत और यूरोपीय मुक्त व्यापार संघ यानी EFTA के बीच व्यापार और आर्थिक साझेदारी समझौते यानी TEPA के लागू होने की पहली वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित किया जा रहा है।

स्विट्जरलैंड EFTA का सदस्य है और विदेश मंत्रालय के अनुसार, EFTA देशों में स्विट्जरलैंड भारत का सबसे बड़ा व्यापार और निवेश भागीदार है। ऐसे में गाइ पार्मेलीन की यात्रा को भारत-EFTA आर्थिक संबंधों के लिहाज से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

आर्थिक साझेदारी को नई गति देने पर जोर

भारत और स्विट्जरलैंड के बीच व्यापार और निवेश संबंधों के साथ विज्ञान, तकनीक और नवाचार के क्षेत्र में भी सहयोग लगातार बढ़ रहा है। स्विस राष्ट्रपति के साथ आया व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल इस साझेदारी में कारोबारी क्षेत्र की भूमिका को भी रेखांकित करता है।

तीन दिवसीय यात्रा के दौरान होने वाली बैठकों और भारत-EFTA प्रॉस्पेरिटी समिट से दोनों पक्षों के बीच व्यापार और आर्थिक सहयोग को आगे बढ़ाने के नए अवसरों पर चर्चा होने की उम्मीद है। ऐसे में गाइ पार्मेलीन की यह यात्रा भारत और स्विट्जरलैंड के द्विपक्षीय संबंधों के साथ-साथ भारत-EFTA साझेदारी के लिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

Anita Nishad

Anita Nishad is a dedicated and insightful journalist currently serving as a key voice at HPBL News. With a deep-rooted passion for storytelling and truth-seeking, Anita has become a trusted name in digital and broadcast journalism, particularly known for her ability to bring grassroots issues to the forefront.

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