‘याद करिए उन जानकारों के चेहरे…’, PM मोदी ने 10 साल पुरानी बात याद दिलाकर आलोचकों पर कसा तंज, UPI की कामयाबी का सुनाया पूरा किस्सा
कभी ‘नामुमकिन’ लगता था बैंक को उंगलियों पर चलाना, आज 11 देशों में गूंज रहा UPI का नाम; Global Fintech Fest में PM मोदी ने खोले डिजिटल क्रांति के पन्ने

मुंबई: भारत की डिजिटल क्रांति की कहानी आज दुनिया के सामने एक मिसाल बन चुकी है। मुंबई में आयोजित ग्लोबल फिनटेक फेस्ट 2026 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के फिनटेक सफर और डिजिटल पेमेंट की ताकत पर खुलकर बात की। इस दौरान पीएम मोदी ने करीब एक दशक पुराने उस दौर को भी याद किया, जब उनके ‘बैंक आपकी उंगलियों पर होगा’ वाले विजन को कुछ लोगों ने असंभव बताया था।
पीएम मोदी ने कहा कि भारत की फिनटेक विकास यात्रा आज पूरी दुनिया के लिए उदाहरण बन चुकी है और इस सफलता के सबसे बड़े चैंपियन के तौर पर UPI ने अपनी अलग पहचान बनाई है।
‘फिनटेक की चर्चा UPI के बिना अधूरी’
प्रधानमंत्री ने कहा कि दुनिया में जब भी और जहां भी फिनटेक की चर्चा होगी, वह UPI के बिना अधूरी रहेगी। UPI ने देश के आम नागरिक से लेकर छोटे दुकानदारों और बड़े कारोबारियों तक के लेनदेन का तरीका बदल दिया है।
पीएम मोदी ने डिजिटल पेमेंट की बढ़ती पहुंच का जिक्र करते हुए कहा कि अकेले अगस्त में UPI के जरिए 2400 करोड़ रुपये से ज्यादा के लेनदेन हुए। उन्होंने यह भी बताया कि भारतीय UPI अब 11 देशों में लाइव हो चुका है।
फ्रांस के राष्ट्रपति का जिक्र, बोले- यह सिर्फ तकनीक की कहानी नहीं
अपने संबोधन में पीएम मोदी ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के एक बयान का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि UPI को केवल टैक्स या तकनीक की कहानी के तौर पर नहीं देखा जा सकता, बल्कि यह एक बड़ी सभ्यतागत यात्रा का हिस्सा है।
पीएम मोदी के मुताबिक, भारत की डिजिटल भुगतान व्यवस्था ने जिस तरह आम लोगों को तकनीक से जोड़ा है, वह अपने आप में बड़ा बदलाव है।
‘जब मैंने कहा था बैंक आपकी उंगलियों पर होगा…’
अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने करीब 10 साल पुराने दौर को याद करते हुए कहा कि जब वह कहते थे कि लोगों का पूरा बैंक उनकी उंगलियों पर होगा, तब कई लोगों को यह बात बिल्कुल असंभव लगती थी।
पीएम मोदी ने कहा कि वह किसी सामान्य व्यक्ति की बात नहीं कर रहे, बल्कि उन लोगों की बात कर रहे हैं जो खुद को काफी पढ़ा-लिखा और जानकार मानते थे।
उन्होंने तंज भरे अंदाज में कहा—
‘जरा उन चेहरों को याद कीजिए जो उस वक्त इसे नामुमकिन बता रहे थे।’
अब जनता ने बदल दी तस्वीर
पीएम मोदी ने कहा कि आज भारत की जनता ने तकनीक को अपनाकर यह साबित कर दिया है कि देश बड़े से बड़े बदलाव को स्वीकार करने की क्षमता रखता है।
एक दशक पहले जिस डिजिटल भविष्य को लेकर सवाल उठाए जा रहे थे, आज वही भारत की रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बन चुका है। UPI के जरिए चाय की दुकान से लेकर बड़े कारोबार तक भुगतान की प्रक्रिया बेहद आसान हुई है।
ग्लोबल फिनटेक फेस्ट में पीएम मोदी का संदेश साफ था—भारत का डिजिटल सफर अभी खत्म नहीं हुआ है, बल्कि UPI की सफलता आने वाले दौर में देश की फिनटेक ताकत को और नई ऊंचाई दे सकती है।








