जयराम महतो प्रकरण के बाद पुलिस एसोसिएशन में बढ़ी नाराजगी, अब चंदा कटौती रोकना चाहते हैं कई पदाधिकारी, जानिये क्या है पूरा मामला

रांची। डुमरी विधायक जयराम महतो और धनबाद के बरवाअड्डा थाना प्रभारी के बीच हुए विवाद के बाद झारखंड पुलिस एसोसिएशन का रुख ही कई लोगों को रास नहीं आ रहा है। लिहाजा अब नाराजगी अब सामने आने लगी है। संगठन के रुख और फैसलों से असहमति जताते हुए पुलिस पदाधिकारियों के एक वर्ग ने वेतन से एसोसिएशन के नाम पर होने वाली चंदे की कटौती बंद कराने की मांग शुरू कर दी है। कुछ पदाधिकारियों ने इस संबंध में अपने-अपने जिले के एसपी को लिखित आवेदन भी दिया है।

वेतन से कट रहे चंदे को तत्काल रोकने की मांग
एसपी को दिए गए पत्रों में पुलिस पदाधिकारियों ने बताया है कि उनके वेतन से प्रत्येक महीने एसोसिएशन मद में चंदे के रूप में राशि की कटौती की जा रही है। अब उन्होंने इस कटौती को तत्काल प्रभाव से बंद कराने की मांग की है।पत्र में संबंधित शाखा को आवश्यक निर्देश जारी करने का आग्रह किया गया है। हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि कितने पुलिस पदाधिकारियों ने चंदा कटौती बंद कराने के लिए आवेदन दिया है।

विधायक के खिलाफ एसोसिएशन ने खोला था मोर्चा
दरअसल, बरवाअड्डा थाना प्रभारी और डुमरी विधायक जयराम महतो के बीच विवाद के बाद झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने विधायक के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया था। संगठन की ओर से प्रेस वार्ता कर विधायक से माफी की मांग की गई थी।एसोसिएशन ने कार्रवाई नहीं होने की स्थिति में आंदोलन की चेतावनी भी दी थी। हालांकि बाद में प्रस्तावित आंदोलन को स्थगित कर दिया गया।

आंदोलन स्थगित होने के बाद उठे सवाल
आंदोलन स्थगित किए जाने के बाद ही एसोसिएशन के फैसले को लेकर पुलिस पदाधिकारियों के एक वर्ग में सवाल उठने की चर्चा शुरू हुई। अब चंदा कटौती बंद कराने के लिए एसपी को दिए जा रहे पत्रों ने इस अंदरूनी असहमति को और सामने ला दिया है।
पुलिस महकमे में यह भी चर्चा है कि एसोसिएशन के कुछ पदाधिकारियों की विधायक जयराम महतो से मुलाकात हुई थी। हालांकि इस मुलाकात की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है, इसलिए इसे लेकर फिलहाल कोई ठोस निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता।

क्या एसोसिएशन के फैसले से असंतुष्ट हैं पदाधिकारी?
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या एसोसिएशन के आंदोलन और बाद में उसे स्थगित करने के फैसले से पुलिस पदाधिकारियों का एक वर्ग असंतुष्ट है। चंदा कटौती रोकने के लिए सामने आ रहे आवेदन इसी असहमति की ओर संकेत कर रहे हैं, लेकिन फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि इन पत्रों की संख्या कितनी है और इसे लेकर एसोसिएशन का आधिकारिक रुख क्या है।यदि आने वाले दिनों में ऐसे आवेदनों की संख्या बढ़ती है, तो यह झारखंड पुलिस एसोसिएशन के सामने एक महत्वपूर्ण संगठनात्मक चुनौती बन सकती है।

Anita Nishad

Anita Nishad is a dedicated and insightful journalist currently serving as a key voice at HPBL News. With a deep-rooted passion for storytelling and truth-seeking, Anita has become a trusted name in digital and broadcast journalism, particularly known for her ability to bring grassroots issues to the forefront.

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