बड़ी खबर- जमुई छेड़खानी केस: आरोपी को कोर्ट से निकलते ही वकील ने जड़ा थप्पड़, बोले- ‘बहन-बेटी के साथ ऐसा होगा तो बर्दाश्त नहीं करेंगे’
Big News – Jamui Molestation Case: Lawyer slaps the accused right after he leaves the court, saying, "We will not tolerate such treatment of our sisters and daughters."

Jamui News: बिहार के जमुई में नाबालिग छात्रा के साथ बीच सड़क पर छेड़खानी मामले में बुधवार को कोर्ट परिसर में हंगामा जैसी स्थिति बन गई। जब गिरफ्तार आरोपी हरेराम यादव को अदालत में पेश करने के बाद पुलिस उसे लेकर बाहर निकल रही थी, इसी दौरान अधिवक्ता आकाश पांडे ने आरोपी को थप्पड़ मार दिया। घटना के बाद कुछ देर के लिए अदालत परिसर में अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।
पुलिस ने हरेराम यादव को जमुई स्थित पॉक्सो की विशेष अदालत में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। कोर्ट की कार्रवाई पूरी होने के बाद पुलिस आरोपी को वाहन की ओर ले जा रही थी, तभी अधिवक्ता आकाश पांडे ने उसे थप्पड़ मार दिया।
‘अधिवक्ता होने से पहले मैं इंसान हूं’
आरोपी को थप्पड़ मारने के बाद अधिवक्ता आकाश पांडे ने कहा कि जिस तरह का कृत्य आरोपी पर आरोपित है, उससे वह बेहद आहत हैं। उन्होंने कहा कि “अधिवक्ता होने से पहले मैं एक इंसान हूं, मेरे अंदर भी मानवियता है।”उन्होंने यह भी कहा कि बहन-बेटियों के साथ इस तरह की घटना को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अधिवक्ता ने यह भी कहा कि यदि थप्पड़ मारने के लिए उनके खिलाफ कानूनन कार्रवाई होती है तो वह उसका सामना करने के लिए तैयार हैं।हालांकि, आरोपी के खिलाफ लगे आरोपों का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया के तहत ही होगा।
भीड़ और बारिश के कारण शाम को हुई पेशी
जानकारी के मुताबिक, आरोपी हरेराम यादव को देखने के लिए सुबह से ही बड़ी संख्या में लोग कोर्ट परिसर के आसपास जुटे थे। बारिश और भीड़ को देखते हुए पुलिस ने आरोपी को शाम के समय अदालत में पेश किया।जमुई पुलिस ने उसे पॉक्सो के विशेष जज महेश्वर दुबे की अदालत में प्रस्तुत किया। सुनवाई के बाद अदालत ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।
मड़वा मामले में अब तक 5 आरोपी गिरफ्तार
मड़वा में नाबालिग लड़के-लड़की को रास्ते में रोककर उनके साथ कथित तौर पर अभद्रता और छेड़खानी के मामले में पुलिस ने अब तक पांच आरोपियों को पकड़ा है।पुलिस के अनुसार, मामले में कुल छह लोगों के नाम सामने आए हैं। इनमें दो वयस्क आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि तीन नाबालिग आरोपियों को भी पुलिस ने पकड़ा है। एक आरोपी अभी फरार बताया जा रहा है।मामले की जांच जारी है और पुलिस फरार आरोपी की तलाश कर रही है।
एक आरोपी के पैर में लगी थी गोली
इस मामले की जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी नंदन यादव को भी पकड़ा था। पुलिस कार्रवाई के दौरान उसके पैर में गोली लगने की जानकारी सामने आई थी। इसके बाद मामले ने और तूल पकड़ लिया था।पुलिस का कहना है कि पूरे मामले में आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है।
नाबालिगों का वीडियो वायरल करने पर भी केस
मामले में पुलिस ने सिर्फ मूल घटना की जांच तक कार्रवाई सीमित नहीं रखी है। नाबालिग लड़के-लड़की का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर उनकी पहचान सार्वजनिक करने के मामले में भी अलग से कार्रवाई की गई है।जमुई थाना कांड संख्या 428/2026 से जुड़े इस मामले में नाबालिगों का वीडियो वायरल किए जाने को लेकर जमुई साइबर थाना कांड संख्या 45/26 दर्ज किया गया है।
पुलिस ने सोशल मीडिया पर वीडियो प्रसारित करने के आरोप में योगेंद्र प्रसाद यादव, फैयाज शाह और रामाशीष कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
सैकड़ों सोशल मीडिया अकाउंट पुलिस के रडार पर
पुलिस के अनुसार, Instagram, Facebook और X समेत विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वीडियो वायरल करने वाले कई अन्य लोगों की भी पहचान की जा रही है।बताया गया है कि वायरल वीडियो के लिंक और सोशल मीडिया गतिविधियों के आधार पर लोगों को चिह्नित किया जा रहा है। पुलिस ने इस मामले में आईटी एक्ट और पॉक्सो एक्ट की धाराओं के तहत कार्रवाई की बात कही है।









