आसमान से आफत की बारिश, यूपी-झारखंड में नदियां उफान पर, उत्तराखंड में चार धाम यात्रा फिर रोकी गई, स्कूल बंद

मौसम के बिगड़े मिजाज से कई राज्यों में जनजीवन प्रभावित, यूपी में 6 मौतें और 100 से ज्यादा घर क्षतिग्रस्त, झारखंड में उड़ानें रद्द तो उत्तराखंड के कई जिलों में स्कूल बंद

उत्तर भारत के कई राज्यों में बारिश ने एक बार फिर मुश्किलें बढ़ा दी हैं। उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश और उससे सटे उत्तरी छत्तीसगढ़ के ऊपर बने डिप्रेशन का असर सबसे ज्यादा उत्तर प्रदेश में देखने को मिल रहा है। यह मौसम सिस्टम दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश की ओर उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है, जिसके कारण राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश हो रही है। मौसम की गंभीर स्थिति को देखते हुए कई इलाकों में प्रशासन को सतर्क किया गया है।

उत्तर प्रदेश के 63 जिलों में सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है। लगातार हो रही बारिश के कारण कई इलाकों में अचानक बाढ़ का खतरा भी पैदा हो गया है। बारिश, आंधी-तूफान और तेज हवाओं ने ग्रामीण इलाकों में खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचाया है। राज्यभर में 100 से ज्यादा घरों के क्षतिग्रस्त होने की जानकारी सामने आई है।

यूपी में बारिश से छह लोगों की मौत

भारी बारिश से जुड़ी अलग-अलग घटनाओं में उत्तर प्रदेश में छह लोगों की मौत हुई है। ये मौतें लखीमपुर खीरी, अमेठी और बाराबंकी जिलों में हुई हैं। अधिकारियों के मुताबिक पिछले 24 घंटे के दौरान राज्य में सामान्य से करीब 19 गुना ज्यादा बारिश दर्ज की गई। लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है और कई जगहों पर लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

राजधानी लखनऊ में शनिवार सुबह तक 21 घंटे के दौरान 125.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। वहीं फर्रुखाबाद में सामान्य से 200 गुना, कानपुर नगर में 160 गुना तथा कन्नौज, कानपुर देहात और हरदोई में सामान्य से करीब 130 गुना ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई। अचानक बढ़ी बारिश ने कई क्षेत्रों में जनजीवन और यातायात को प्रभावित किया है।

झारखंड में उफान पर नदियां, कई इलाकों में जलभराव

झारखंड में भी लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने स्थिति बिगाड़ दी है। राज्य के निचले इलाकों में पानी भरने से सड़क यातायात प्रभावित हुआ है। कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। कई इलाकों में लोग घुटनों तक भरे पानी के बीच आवागमन करते दिखाई दिए, जबकि जलमग्न सड़कों पर कई वाहन फंसे रहे।

खराब मौसम का असर हवाई सेवाओं पर भी पड़ा। अधिकारियों के अनुसार बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर कम से कम छह उड़ानें रद्द करनी पड़ीं। वहीं जिला प्रशासन के आदेश के बाद रांची, जमशेदपुर समेत कई जिलों में स्कूल बंद रखे गए।

पूर्वी सिंहभूम जिले में सुवर्णरेखा नदी खतरे के निशान से 2.02 मीटर ऊपर बह रही थी, जबकि खरकई नदी का जलस्तर खतरे के निशान से 4.50 मीटर ऊपर पहुंच गया था। रांची में कांके डैम का जलस्तर उसकी 28 फीट क्षमता के मुकाबले 27.05 फीट तक पहुंच गया। इसके अलावा हटिया और गेतलसूद डैम में भी पानी का स्तर तेजी से बढ़ा है।

उत्तराखंड में चार धाम यात्रा पर फिर लगी रोक

उत्तराखंड में खराब मौसम के कारण चार धाम यात्रा को एक बार फिर रोक दिया गया है। अधिकारियों के अनुसार यात्रा पर 27 सितंबर तक रोक लगाई गई है। राज्य के कई हिस्सों के लिए मौसम विभाग ने रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम की स्थिति को देखते हुए पांच जिलों में स्कूल भी बंद कर दिए गए हैं।

राज्य के ज्यादातर हिस्सों में सुबह से ही भारी बारिश का दौर जारी रहा, जबकि ऊंचाई वाले इलाकों में रुक-रुककर बर्फबारी भी हुई। हालांकि अधिकारियों के मुताबिक अभी तक राज्य में किसी के हताहत होने या बड़े नुकसान की सूचना नहीं है। यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए चार धाम यात्रा को अस्थायी रूप से रोकने का फैसला लिया गया है।

किन्नौर में सीजन की पहली बर्फबारी

हिमाचल प्रदेश के आदिवासी जिले किन्नौर में इस मौसम की पहली बर्फबारी हुई है। किन्नौर की पूह तहसील के कुनो चारंग इलाके में दिन के समय बर्फबारी हुई, जबकि जिले के अन्य हिस्सों में बारिश दर्ज की गई। शिमला और धर्मशाला समेत प्रदेश के कई अन्य इलाकों में भी हल्की बारिश हुई।

शिमला स्थित मौसम केंद्र ने 29 सितंबर तक राज्य में बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान जताया है। इसके बाद बारिश की तीव्रता में कमी आने की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक मध्यम ऊंचाई वाले पहाड़ी इलाकों में हल्की बारिश जारी रह सकती है, जबकि मैदानी और कम तथा अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में 2 अक्टूबर तक मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने की संभावना है।

बंगाल और राजस्थान में भी मौसम बदलेगा

देश के पूर्वी हिस्से में दक्षिण बंगाल में रविवार से बारिश की तीव्रता कम होने की संभावना जताई गई है। मौसम तंत्र के राज्य से दूर जाने के कारण ज्यादातर इलाकों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है। हालांकि कुछ स्थानों पर हल्की बारिश के साथ आंधी-तूफान की संभावना बनी रहेगी।

उत्तर बंगाल के दार्जिलिंग, कलिम्पोंग और जलपाईगुड़ी जिलों के लिए भारी बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया था। उत्तर बंगाल के अन्य जिलों में भी बारिश और आंधी-तूफान की संभावना जताई गई है, हालांकि रविवार से इसकी तीव्रता कम होने का अनुमान है।

राजस्थान के कुछ हिस्सों में भी हल्की बारिश हुई है। नागौर के सलूंबर और जायल में तीन-तीन मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग के अनुसार एक नए वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के प्रभाव से रविवार से राजस्थान के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

दिल्ली में भी बदला मौसम

दिल्ली में हल्की बारिश और आंधी-तूफान के बाद तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। मौसम विभाग के अनुसार रविवार को राजधानी का अधिकतम तापमान 30 से 32 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान 21 से 23 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है।

सफदरजंग मौसम केंद्र में न्यूनतम तापमान 23.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 0.7 डिग्री कम था। वहीं अधिकतम तापमान 29.2 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 5.1 डिग्री कम दर्ज किया गया। लगातार बदलते मौसम के बीच उत्तर भारत के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक बारिश और मौसम संबंधी गतिविधियां जारी रहने की संभावना है।

Anita Nishad

Anita Nishad is a dedicated and insightful journalist currently serving as a key voice at HPBL News. With a deep-rooted passion for storytelling and truth-seeking, Anita has become a trusted name in digital and broadcast journalism, particularly known for her ability to bring grassroots issues to the forefront.

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