झारखंड: घूसखोर ASI पर शिकंजा कसा, आरोप तय, कोर्ट ने ट्रायल शुरू करने का दिया आदेश, दहेज मामले में डरा-धमकाकर मांगी थी रिश्वत

Jharkhand: Corrupt ASI charged, charged, court orders trial for demanding bribe in dowry case

विशेष अदालत ने रिश्वतखोरी के एक मामले में तत्कालीन एएसआई सत्येंद्र पासवान के खिलाफ आरोप तय कर दिए हैं। कोर्ट ने ट्रायल शुरू करने का आदेश देते हुए अगली सुनवाई 13 मई 2026 तय की है।
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धनबाद। घूसखोर ASI की मुश्किलें और भी बढ़ गयी है। धनबाद में भ्रष्टाचार के एक चर्चित मामले में अदालत ने कड़ा रुख अपनाया है। निगरानी के विशेष न्यायाधीश मनीष की अदालत में सुनवाई के दौरान महिला थाना के तत्कालीन सहायक अवर निरीक्षक (ASI) सत्येंद्र पासवान के खिलाफ रिश्वत लेने के मामले में औपचारिक रूप से आरोप गठित कर दिए गए। अदालत में सुनवाई के दौरान आरोपी अधिकारी स्वयं उपस्थित हुआ।

अदालत ने अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलों को सुनने के बाद मामले में ट्रायल शुरू करने का आदेश दिया है। साथ ही साक्ष्य प्रस्तुत करने के लिए अगली सुनवाई की तारीख 13 मई 2026 निर्धारित की गई है। इस दौरान निगरानी विभाग की ओर से विशेष लोक अभियोजक राजीव कुमार उपाध्याय ने अदालत में पक्ष रखा।

दहेज मामले में मांगी गई थी रिश्वत
पूरा मामला बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के बिराजपुर निवासी सुधीर साव से जुड़ा है। सुधीर साव के खिलाफ महिला थाना में दहेज प्रताड़ना का मामला दर्ज किया गया था, जिसकी जांच की जिम्मेदारी एएसआई सत्येंद्र पासवान को सौंपी गई थी। आरोप है कि जांच को प्रभावित करने और केस डायरी को अपने पक्ष में तैयार करने के लिए पासवान ने सुधीर साव से 10 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी।जब सुधीर साव ने पैसे देने में असमर्थता जताई, तो आरोपी अधिकारी ने उन्हें जेल भेजने की धमकी दी। इस दबाव के चलते बाद में रिश्वत की रकम घटाकर 4 हजार रुपये तय की गई।

एसीबी की कार्रवाई में हुआ खुलासा
हालांकि, सुधीर साव ने भ्रष्टाचार के आगे झुकने के बजाय इसकी शिकायत Anti Corruption Bureau (ACB) के धनबाद एसपी से की। शिकायत की पुष्टि के बाद एसीबी ने जाल बिछाकर आरोपी को पकड़ने की योजना बनाई।

7 जून 2023 को सदर अस्पताल परिसर में एसीबी की टीम ने कार्रवाई करते हुए जैसे ही आरोपी एएसआई ने सुधीर साव से 4 हजार रुपये की रिश्वत ली, उसे रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया गया। इस कार्रवाई से पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया था।अब अदालत द्वारा आरोप तय किए जाने के बाद मामला ट्रायल की प्रक्रिया में प्रवेश कर चुका है। आने वाले दिनों में गवाहों के बयान और साक्ष्यों के आधार पर मामले की सुनवाई आगे बढ़ेगी।

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