कुदरत का तांडव! पहाड़ दरके, बाढ़-भूस्खलन ने ली 10 लोगों की जान, कई अब भी मलबे में दबे होने की आशंका
सुरनकोट में एक ही परिवार के 6 लोगों समेत 9 की मौत, पुलस्त्य नदी उफान पर; CM उमर अब्दुल्ला लौटे जम्मू, राहत-बचाव अभियान तेज

जम्मू। जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने भीषण तबाही मचा दी है। भारी बारिश के बाद आई अचानक बाढ़ और भूस्खलन ने कई इलाकों को अपनी चपेट में ले लिया। प्रारंभिक रिपोर्ट के अनुसार, इस प्राकृतिक आपदा में अब तक 10 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि कई लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है। राहत और बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी है।
सबसे अधिक तबाही सुरनकोट क्षेत्र में देखने को मिली, जहां एक ही परिवार के 6 सदस्यों सहित कुल 9 लोगों की मौत हो गई। वहीं हवेली क्षेत्र में एक अन्य व्यक्ति की जान चली गई। आपदा के चलते हवेली में कम से कम 7 मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जबकि मंडी क्षेत्र से भी बड़े पैमाने पर संपत्ति के नुकसान की खबरें सामने आई हैं।
प्रशासन का कहना है कि दूरदराज के इलाकों में मलबा हटाने का काम जारी है और जैसे-जैसे राहत दल प्रभावित क्षेत्रों तक पहुंच रहे हैं, मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। बचाव दल लगातार लापता लोगों की तलाश में जुटे हुए हैं।
इस बीच जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने हालात की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली में चल रहे अपने कार्यक्रम को बीच में ही छोड़ दिया। उन्होंने सोशल मीडिया पर जानकारी देते हुए कहा कि मौसम विभाग की चेतावनी और जम्मू संभाग के बिगड़ते हालात को देखते हुए वह स्थिति का जायजा लेने के लिए जम्मू लौट रहे हैं। हालांकि, राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग को लेकर प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार जारी रहेगा।
उधर, उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने भी प्रभावित जिलों की स्थिति की उच्चस्तरीय समीक्षा की और अधिकारियों को राहत एवं बचाव कार्य में तेजी लाने, प्रभावित परिवारों तक तत्काल सहायता और जरूरी सामग्री पहुंचाने के निर्देश दिए हैं।
भारी बारिश के कारण नगर क्षेत्र से गुजरने वाली पुलस्त्य नदी भी उफान पर है। तेज बहाव में नदी किनारे स्थित दो दुकानें, एक आटा चक्की और एक वाहन सर्विस स्टेशन बह गए। सर्विस स्टेशन पर खड़े कई वाहन भी बाढ़ की चपेट में आ गए, जिससे व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।
फिलहाल प्रशासन ने लोगों से नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की है। मौसम विभाग ने भी अगले कुछ समय तक खराब मौसम की चेतावनी जारी करते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।









