7 साल बाद भारत पहुंचे शी जिनपिंग… अब PM मोदी से आमने-सामने मुलाकात, दुनिया की नजर इस बड़ी बैठक पर
BRICS समिट में हिस्सा लेने दिल्ली पहुंचे चीन के राष्ट्रपति, शाम 5:45 बजे प्रस्तावित है मोदी-जिनपिंग की अहम द्विपक्षीय बैठक; रिश्तों को लेकर सामने आ सकते हैं बड़े संकेत

नई दिल्ली। चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग करीब 7 साल बाद भारत पहुंच गए हैं। BRICS शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए उनका विशेष विमान दिल्ली के पालम एयरपोर्ट पर उतरा। उनके भारत पहुंचते ही सुरक्षा व्यवस्था को बेहद कड़ा कर दिया गया है।
इस दौरे का सबसे बड़ा आकर्षण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शी जिनपिंग के बीच होने वाली द्विपक्षीय बैठक है। दोनों नेताओं की मुलाकात आज शाम करीब 5:45 बजे प्रस्तावित है। ऐसे समय में जब भारत और चीन के रिश्तों पर पूरी दुनिया की नजर है, दोनों नेताओं की यह बैठक बेहद अहम मानी जा रही है।
रेड कार्पेट से हुआ शी जिनपिंग का स्वागत
भारत BRICS शिखर सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है। ऐसे में चीन के राष्ट्रपति के स्वागत के लिए दिल्ली में विशेष तैयारियां की गई हैं। पालम एयरपोर्ट पर शी जिनपिंग के स्वागत के लिए रेड कार्पेट बिछाया गया।
एयरपोर्ट से उन्हें कड़ी सुरक्षा के बीच निर्धारित कार्यक्रम स्थल तक ले जाया जाएगा। उनके लिए सरकारी लिमोजिन कार की भी व्यवस्था की गई है।
शी जिनपिंग के साथ 67 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल
शी जिनपिंग के साथ चीन का एक बड़ा प्रतिनिधिमंडल भी भारत पहुंचा है। इसमें चीनी कम्युनिस्ट पार्टी की सेंट्रल कमेटी के पॉलिटिकल ब्यूरो की स्टैंडिंग कमेटी के सदस्य काई ची और चीन के विदेश मंत्री वांग यी समेत कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं।
बताया गया है कि चीनी राष्ट्रपति के साथ करीब 67 लोगों का दल भारत आया है। इसमें वरिष्ठ नेता, राजनयिक, सुरक्षा अधिकारी और मेडिकल स्टाफ शामिल हैं।
24 घंटे के दौरे पर भारत आए हैं जिनपिंग
शी जिनपिंग का भारत दौरा करीब 24 घंटे का बताया जा रहा है। इस दौरान उनका मुख्य कार्यक्रम BRICS शिखर सम्मेलन में भाग लेना और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय वार्ता करना है।
नई दिल्ली में 18वें BRICS शिखर सम्मेलन का औपचारिक उद्घाटन आज दोपहर करीब 2 बजे होने वाला है। शी जिनपिंग के पालम एयरपोर्ट से करीब 8 किलोमीटर दूर ताज होटल पहुंचने का कार्यक्रम है।
क्यों अहम है मोदी-जिनपिंग की मुलाकात?
भारत और चीन के रिश्तों को देखते हुए प्रधानमंत्री मोदी और शी जिनपिंग की मुलाकात पर खास नजर रहेगी। दोनों नेताओं के बीच होने वाली बातचीत में द्विपक्षीय संबंधों से जुड़े अहम मुद्दों पर चर्चा की उम्मीद है।
यह बैठक ऐसे समय हो रही है जब दोनों देशों के रिश्तों को लेकर वैश्विक स्तर पर भी लगातार नजर बनी हुई है। ऐसे में मोदी-जिनपिंग की बातचीत से क्या संकेत निकलते हैं और दोनों देशों के संबंधों को लेकर आगे की दिशा क्या होती है, यह इस पूरे दौरे का सबसे अहम पहलू होगा।
अब सबकी नजर शाम होने वाली उस मुलाकात पर है, जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शी जिनपिंग आमने-सामने होंगे।









