जंगलों में बढ़ा शिकंजा ! कौन हैं ये 6 चेहरे? 1 करोड़ के इनामी असीम मंडल समेत माओवादियों के पोस्टर पूरे इलाके में चस्पा, पुलिस ने बढ़ाई निगरानी
दलमा से सटे गांवों और सार्वजनिक स्थानों पर लगाए गए पोस्टर, तस्वीरों के साथ नाम और इनाम की राशि दर्ज; MGM, घाटशिला समेत आसपास के क्षेत्रों में खुफिया तंत्र सक्रिय

जमशेदपुर। पूर्वी सिंहभूम जिले में माओवादी गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए पुलिस और सुरक्षा बलों ने अपना अभियान तेज कर दिया है। इसी कड़ी में पुलिस ने एक करोड़ रुपये के इनामी माओवादी असीम मंडल उर्फ आकाश समेत छह वांछित माओवादियों के पोस्टर जारी किए हैं। पोस्टरों को दलमा और आसपास के इलाकों में सार्वजनिक स्थानों पर लगाया गया है।
पोस्टरों में वांछित माओवादियों की तस्वीर, नाम और उनके ऊपर घोषित इनाम की राशि दर्ज की गई है। पुलिस का उद्देश्य ग्रामीणों की मदद से इन वांछित उग्रवादियों तक पहुंचना और क्षेत्र में माओवादी नेटवर्क को कमजोर करना है।
पोस्टर में तस्वीर, नाम और इनाम की पूरी जानकारी
पुलिस की ओर से जारी पोस्टरों में छह वांछित माओवादियों की तस्वीरें लगाई गई हैं। इनमें असीम मंडल उर्फ आकाश प्रमुख नाम है, जिस पर एक करोड़ रुपये का इनाम घोषित है।
दलमा से सटे गांवों, प्रमुख चौक-चौराहों और सार्वजनिक स्थानों पर इन पोस्टरों को लगाया गया है, ताकि स्थानीय लोग वांछित माओवादियों की पहचान कर सकें।
ग्रामीणों से गोपनीय सूचना देने की अपील
पुलिस ने ग्रामीणों से अपील की है कि यदि उन्हें किसी संदिग्ध गतिविधि या वांछित माओवादी के बारे में कोई जानकारी मिलती है, तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दें। अधिकारियों ने सूचना देने वालों की पहचान गोपनीय रखने की बात कही है।
पुलिस का मानना है कि स्थानीय स्तर पर मजबूत सूचना तंत्र के जरिए जंगलों में सक्रिय माओवादी नेटवर्क के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी जुटाई जा सकती है।
MGM से घाटशिला तक बढ़ी निगरानी
सुरक्षा बलों की निगरानी सिर्फ दलमा के जंगलों तक सीमित नहीं है। MGM, घाटशिला और आसपास के इलाकों में भी खुफिया तंत्र को सक्रिय किया गया है।
जंगल और सीमावर्ती क्षेत्रों में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां संवेदनशील इलाकों में लगातार अभियान चला रही हैं।
माओवादी नेटवर्क को कमजोर करना अभियान का लक्ष्य
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस अभियान का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में माओवादी नेटवर्क को कमजोर करना और जंगलों में उनकी गतिविधियों पर रोक लगाना है।
पोस्टर जारी करने के साथ ही सुरक्षा बलों ने ग्रामीण इलाकों में सूचना तंत्र मजबूत करने पर भी जोर दिया है। आने वाले दिनों में संवेदनशील क्षेत्रों में अभियान और निगरानी बढ़ाए जाने की संभावना है।









