झारखंड : अमित शाह से झारखंड बीजेपी प्रतिनिधिमंडल की मुलाकात, छात्र आंदोलन और कोयला चोरी समेत कई मुद्दों पर हुई चर्चा
Jharkhand: Jharkhand BJP delegation meets Amit Shah; issues including the student agitation and coal theft discussed.

रांची। झारखंड बीजेपी के एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की। भाजपा के इस प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू, नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी, संगठन मंत्री कर्मवीर सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा, पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास, पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकाश और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र राय शामिल रहे।
मुलाकात के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय गृह मंत्री को झारखंड के मौजूदा राजनीतिक और सामाजिक परिस्थितियों से अवगत कराया। बैठक में प्रदेश से जुड़े कई समसामयिक मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई।
छात्र आंदोलन और MMDR संशोधन कानून पर चर्चा
बीजेपी प्रतिनिधिमंडल ने झारखंड में चल रहे छात्र आंदोलन से जुड़े विषयों को केंद्रीय गृह मंत्री के सामने रखा। इसके अलावा MMDR संशोधन कानून को लेकर भी चर्चा हुई। प्रतिनिधिमंडल ने राज्य में इन मुद्दों से जुड़े घटनाक्रम और पार्टी के स्तर पर सामने आ रही चिंताओं की जानकारी गृह मंत्री को दी।
चतरा-लातेहार में कोयला चोरी पर अमित शाह की नजर
बैठक में झारखंड में कोयला चोरी का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। खासकर चतरा और लातेहार जिलों में कोयला चोरी की गतिविधियों को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की विशेष नजर होने की बात सामने आई।
बताया गया कि कोयला चोरी से जुड़े मामलों में अब सख्त कार्रवाई की जाएगी। अवैध कोयला कारोबार और चोरी में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को लेकर केंद्र की ओर से गंभीरता दिखाई गई है।
झारखंड के समसामयिक मुद्दों पर हुई चर्चा
बीजेपी प्रतिनिधिमंडल की केंद्रीय गृह मंत्री के साथ हुई यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है, जब झारखंड में विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों को लेकर माहौल गर्म है। बैठक में राज्य की मौजूदा परिस्थितियों, छात्र आंदोलन, खनन से जुड़े कानून और कोयला चोरी जैसे विषयों पर चर्चा को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
बीजेपी नेताओं ने केंद्रीय गृह मंत्री को राज्य के विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े फीडबैक से भी अवगत कराया। वहीं चतरा और लातेहार में कोयला चोरी के खिलाफ संभावित सख्त कार्रवाई को लेकर भी संकेत मिले हैं।









