BRICS मंच से मोदी का बड़ा संदेश, अब सिर्फ सरकारें नहीं… जनता भी निभाएगी ये जिम्मेदारी!
BRICS की ताकत को आम लोगों से जोड़ने की PM मोदी ने की अपील, बोले- हमारी प्रगति का फायदा पूरी मानवता को मिलना चाहिए

नई दिल्ली। BRICS शिखर सम्मेलन के दूसरे दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संगठन के मंच से दुनिया को विकास और सहयोग का एक बड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि BRICS देशों की सामूहिक मेहनत और प्रगति का लाभ केवल सदस्य देशों की सरकारों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि इसका फायदा पूरी मानवजाति को मिलना चाहिए।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में BRICS के उद्देश्यों में आम लोगों की भागीदारी को भी महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि BRICS डिक्लेरेशन को केवल सरकारों तक सीमित रखने के बजाय सदस्य देशों की जनता को भी इसमें सहभागी बनाया जाना चाहिए।
चुनौतियों को समय रहते पहचानना जरूरी
PM मोदी ने कहा कि आज दुनिया के सामने कई तरह की चुनौतियां मौजूद हैं। ऐसे समय में इन चुनौतियों को समय रहते पहचानना और उनके समाधान के लिए एक साथ कई मोर्चों पर काम करना जरूरी है।
उन्होंने BRICS देशों के नागरिकों से आगे आने और संगठन के लक्ष्यों को हासिल करने में अपनी भूमिका निभाने की अपील की। प्रधानमंत्री ने कहा कि नागरिकों को पूरी ताकत और जिम्मेदारी के साथ इस दिशा में योगदान देना चाहिए।
“हमारी प्रगति पूरी मानवता के काम आए”
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में सहयोग और विविधता को BRICS की ताकत बताया। उन्होंने कहा कि देशों के बीच सहयोग आगे बढ़ने की प्रेरणा बनना चाहिए और अलग-अलग देशों की विविधता को संगठन की नई पहचान के रूप में देखा जाना चाहिए।
मोदी ने कहा कि BRICS देशों की प्रगति और आपसी सहयोग का उद्देश्य व्यापक होना चाहिए, ताकि इसका सकारात्मक असर पूरी मानवता तक पहुंचे।
सरकारों से आगे जनता की भागीदारी पर जोर
PM मोदी के संदेश का सबसे अहम पहलू BRICS के कामकाज में आम नागरिकों की भागीदारी बढ़ाने की अपील रही। उनका जोर इस बात पर रहा कि किसी भी बड़े अंतरराष्ट्रीय संगठन की सफलता केवल सरकारी फैसलों से नहीं, बल्कि जनता की सक्रिय भागीदारी से भी तय होती है।
ऐसे में BRICS को सरकारों के बीच सहयोग के मंच से आगे बढ़ाकर आम लोगों के सरोकारों और वैश्विक विकास से जोड़ने का संदेश प्रधानमंत्री ने दुनिया के सामने रखा।









