5 Refreshing Drinks: अक्टूबर वाली गर्मी और उमस से हैं परेशान? ये 5 रिफ्रेशिंग ड्रिंक्स रखेंगे शरीर को हाइड्रेटेड
बारिश का असर कम होते ही बढ़ने लगती है गर्मी और उमस, सादे पानी के साथ डाइट में शामिल करें ये 5 आसान घरेलू ड्रिंक्स

लाइफस्टाइल। मुंबई में अक्टूबर का महीना आते ही मौसम एक बार फिर गर्म और उमस भरा महसूस होने लगता है। बारिश का असर कम होने के साथ दिन में तेज धूप, गर्म हवाएं और पसीना लोगों को परेशान कर सकता है। ऐसे मौसम में शरीर से पानी की कमी तेजी से हो सकती है, इसलिए पर्याप्त मात्रा में तरल पदार्थ लेना बेहद जरूरी हो जाता है।
हालांकि कुछ लोगों को हर समय सिर्फ सादा पानी पीना पसंद नहीं आता। ऐसे में घर पर आसानी से तैयार होने वाले कुछ रिफ्रेशिंग ड्रिंक्स डाइट में शामिल किए जा सकते हैं। ये शरीर में तरल पदार्थ बनाए रखने में मदद कर सकते हैं और गर्मी में ताजगी का एहसास भी देते हैं। आइए जानते हैं ऐसे ही 5 आसान विकल्पों के बारे में।
1. नारियल पानी
अक्टूबर की गर्मी में नारियल पानी एक आसान और लोकप्रिय विकल्प है। इसमें पानी के साथ पोटैशियम जैसे इलेक्ट्रोलाइट्स भी पाए जाते हैं। पसीना ज्यादा निकलने के बाद शरीर में तरल पदार्थों की कमी महसूस हो तो नारियल पानी एक ताजगी भरा पेय हो सकता है।
इसे ठंडा करके पीने से गर्मी और उमस में राहत का एहसास मिल सकता है। हालांकि नारियल पानी को किसी बीमारी का इलाज नहीं समझना चाहिए। इसे सामान्य हाइड्रेशन के विकल्प के तौर पर लिया जा सकता है।
2. नींबू पानी
गर्मी के मौसम में नींबू पानी सबसे आसान घरेलू ड्रिंक्स में से एक है। एक गिलास पानी में नींबू का रस डालकर इसमें स्वाद के अनुसार थोड़ा नमक मिलाया जा सकता है। चाहें तो थोड़ी मात्रा में शहद या चीनी भी डाली जा सकती है।
नींबू पानी ताजगी देने के साथ गर्म मौसम में पर्याप्त तरल पदार्थ लेने की आदत बनाए रखने में मदद कर सकता है। हालांकि इसे ज्यादा मीठा बनाने से बचना बेहतर है। अगर आप रोजाना नींबू पानी पीते हैं तो कम चीनी वाला विकल्प ज्यादा बेहतर हो सकता है।
3. छाछ
दोपहर की गर्मी और उमस में छाछ भी एक अच्छा विकल्प हो सकती है। इसे दही, पानी, थोड़ा भुना जीरा और स्वादानुसार नमक डालकर आसानी से तैयार किया जा सकता है। इसमें पानी के साथ दही से मिलने वाले पोषक तत्व भी होते हैं।
मसालेदार या भारी भोजन के बाद कई लोगों को छाछ हल्की और तरोताजा महसूस कराती है। इसे भोजन के साथ या भोजन के बाद लिया जा सकता है। हालांकि अगर किसी व्यक्ति को डेयरी उत्पादों से परेशानी होती है तो उसे अपनी सहनशीलता के अनुसार ही इसका सेवन करना चाहिए।
4. सत्तू का शरबत
गर्मियों में सत्तू का शरबत लंबे समय से लोकप्रिय घरेलू पेय रहा है। चने के सत्तू को पानी में घोलकर उसमें नींबू, थोड़ा नमक और जीरा मिलाया जा सकता है। यह एक ऐसा पेय है जो तरल पदार्थ देने के साथ कुछ समय तक पेट भरा हुआ महसूस करा सकता है।
सत्तू का शरबत बहुत ज्यादा मीठा बनाने के बजाय नमकीन या हल्के स्वाद में लेना बेहतर विकल्प हो सकता है। खासकर गर्म और उमस भरे मौसम में यह घर पर तैयार किया जाने वाला आसान पेय है।
5. खीरा और पुदीने वाला रिफ्रेशिंग ड्रिंक
अगर सादे पानी का स्वाद आपको फीका लगता है तो खीरा और पुदीना मिलाकर तैयार किया गया इन्फ्यूज्ड वॉटर एक अच्छा विकल्प हो सकता है। इसके लिए पानी में खीरे के कुछ स्लाइस, पुदीने की पत्तियां और थोड़ा नींबू डालकर कुछ समय के लिए रख दें।
इसे ठंडा करके दिनभर थोड़ा-थोड़ा पिया जा सकता है। यह किसी खास बीमारी का इलाज नहीं है, लेकिन सादे पानी का स्वाद बदलने के कारण कुछ लोगों के लिए पर्याप्त पानी पीना आसान बना सकता है।
सिर्फ ड्रिंक्स नहीं, पूरे दिन हाइड्रेशन पर दें ध्यान
मुंबई की गर्मी और उमस में केवल किसी एक ड्रिंक पर निर्भर रहना सही नहीं है। पूरे दिन पर्याप्त तरल पदार्थ लेना ज्यादा महत्वपूर्ण है। पानी को हाइड्रेशन का मुख्य स्रोत बनाए रखें और अपनी जरूरत के अनुसार नारियल पानी, छाछ या नींबू पानी जैसे विकल्प शामिल कर सकते हैं।
बहुत ज्यादा कैफीन, अत्यधिक मीठे पेय और पैकेज्ड शुगरी ड्रिंक्स का सेवन सीमित रखना बेहतर है। अगर गर्मी में बहुत ज्यादा पसीना निकल रहा है तो शरीर में पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी के संकेतों पर भी ध्यान देना चाहिए।
अगर तेज चक्कर, अत्यधिक कमजोरी, बहुत ज्यादा प्यास, भ्रम या बेहोशी जैसे गंभीर लक्षण दिखाई दें तो केवल घरेलू ड्रिंक्स पर निर्भर न रहें और तुरंत चिकित्सा सहायता लें। गर्म और उमस भरे मौसम में शरीर के संकेतों को नजरअंदाज न करना ही सबसे जरूरी है।









