नवरात्रि व्रत में भूख लगे तो बनाएं ऐसी चटपटी आलू-पनीर टिक्की, बाहर से करारी और अंदर से नरम; कम तेल में तैयार होगा स्वादिष्ट फलाहारी नाश्ता
शाम की हल्की भूख मिटाने के लिए आलू और पनीर से बनाएं कुरकुरी टिक्की। सिंघाड़े के आटे और सेंधा नमक से तैयार यह फलाहारी रेसिपी चटनी या दही के साथ लगेगी बेहद स्वादिष्ट।

लाइफस्टाइल। नवरात्रि के व्रत में शाम होते-होते हल्की भूख लगना आम बात है। ऐसे में बार-बार फल या वही पारंपरिक फलाहारी चीजें खाकर अगर आप बोर हो गए हैं, तो इस बार कुछ चटपटा और स्वादिष्ट ट्राई कर सकते हैं। आलू-पनीर टिक्की व्रत के लिए एक अच्छा विकल्प हो सकती है। इसे घर पर आसानी से बनाया जा सकता है और खास बात यह है कि इसे डीप फ्राई करने के बजाय तवे पर कम घी या व्रत में इस्तेमाल होने वाले तेल से सेंका जा सकता है।
उबले आलू, ताजे पनीर, सिंघाड़े के आटे और व्रत में इस्तेमाल होने वाले मसालों से बनने वाली यह टिक्की बाहर से सुनहरी और कुरकुरी, जबकि अंदर से नरम रहती है। इसे बनाने में ज्यादा समय भी नहीं लगता। आइए जानते हैं इसकी आसान रेसिपी।
आलू-पनीर टिक्की बनाने के लिए जरूरी सामग्री
इस फलाहारी नाश्ते को तैयार करने के लिए आपको तीन मध्यम आकार के उबले आलू, 100 ग्राम ताजा पनीर और दो बड़े चम्मच सिंघाड़े का आटा चाहिए। स्वाद बढ़ाने के लिए एक बारीक कटी हरी मिर्च, एक छोटा चम्मच कद्दूकस किया हुआ अदरक, एक चम्मच भुना जीरा पाउडर, सेंधा नमक और थोड़ा बारीक कटा हरा धनिया लें। टिक्की सेंकने के लिए एक से दो चम्मच घी या व्रत में इस्तेमाल होने वाला तेल रखें।
इस आसान तरीके से बनाएं कुरकुरी आलू-पनीर टिक्की
सबसे पहले उबले हुए आलू को छीलकर अच्छी तरह मैश कर लें। ध्यान रखें कि आलू में बड़े टुकड़े न रहें, ताकि टिक्की का मिश्रण एकसार बने। अब पनीर को कद्दूकस करके मैश किए हुए आलू में मिला दें।
इसके बाद मिश्रण में हरी मिर्च, अदरक, भुना जीरा पाउडर, सेंधा नमक और कटा हुआ हरा धनिया डालें। सभी सामग्री को अच्छी तरह मिलाएं। अब इसमें सिंघाड़े का आटा डालकर मिश्रण को गूंथ लें। सिंघाड़े का आटा टिक्की को बांधने में मदद करता है, जिससे तवे पर सेंकते समय उसके टूटने की आशंका कम होती है।
तैयार मिश्रण से छोटी-छोटी गोल टिक्कियां बनाएं और हथेली से हल्का दबाकर उनका आकार दें। अब नॉनस्टिक या अच्छी तरह सीजन किए हुए तवे को गर्म करें और उस पर थोड़ा घी या व्रत में इस्तेमाल होने वाला तेल लगाएं। टिक्कियों को मध्यम आंच पर रखें और एक तरफ सुनहरी परत बनने दें। इसके बाद सावधानी से पलटकर दूसरी तरफ भी अच्छी तरह सेंक लें। जब दोनों तरफ से टिक्कियां सुनहरी और कुरकुरी हो जाएं, तो उन्हें तवे से उतार लें।
इन छोटी-छोटी बातों का रखें ध्यान, तभी बनेगी करारी टिक्की
अगर आप चाहते हैं कि आलू-पनीर टिक्की बाहर से कुरकुरी और अंदर से नरम बने, तो कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है। सबसे पहले आलू उबालने के बाद उन्हें पूरी तरह ठंडा होने दें। गर्म आलू से मिश्रण ज्यादा नरम हो सकता है। पनीर में अतिरिक्त नमी हो तो उसे हल्के हाथ से दबाकर निकाल दें, ताकि टिक्की का मिश्रण ढीला न पड़े।
टिक्कियों को तेज आंच पर पकाने के बजाय मध्यम आंच पर सेंकें। इससे वे बाहर से सुनहरी होने के साथ अंदर तक अच्छी तरह गर्म हो सकेंगी। साथ ही, उन्हें बार-बार पलटने से बचें। एक तरफ अच्छी परत बनने के बाद ही पलटें, ताकि टिक्की टूटे नहीं और उसका कुरकुरापन बना रहे।
हरी चटनी या दही के साथ बढ़ जाएगा स्वाद
गरमागरम आलू-पनीर टिक्की को व्रत के नियमों के अनुसार तैयार की गई हरी धनिया-पुदीना चटनी या सादे दही के साथ परोस सकते हैं। चाहें तो ऊपर से थोड़ा भुना जीरा पाउडर भी छिड़क सकते हैं, बशर्ते इस्तेमाल की जाने वाली सभी सामग्री आपके व्रत के नियमों के अनुकूल हो।
आलू शरीर को ऊर्जा देने वाले कार्बोहाइड्रेट का स्रोत हैं, जबकि पनीर से प्रोटीन मिलता है। कम घी या तेल में तवे पर तैयार करने से यह डीप फ्राई टिक्की की तुलना में कम तेल वाला विकल्प बन सकता है। हालांकि, इसकी पौष्टिकता इस्तेमाल की गई सामग्री और मात्रा पर निर्भर करती है। नवरात्रि की शाम में कुछ स्वादिष्ट और चटपटा खाने का मन हो, तो यह आसान फलाहारी रेसिपी जरूर आजमा सकते हैं।









